Ticker

6/recent/ticker-posts

मार्मिक चेतना का भूखों को सहारा मिशन तृप्ति कार्यक्रम से लोगों को लगातार दिया जा रहा पौष्टिक भोजन


    BILASPUR / कोरोना का कहर  लॉकडाउन-कर्फ्यू का असर  खत्म होने का नाम ही नहीं ले रहा। पूरे छत्तीसगढ़ के साथ बिलासपुर में भी इसका अच्छा असर है   यहां कोरोना कहर शुरु होने के साथ ही लोगों की परेशानियां भी शुरु हो गई और इन परेशानियों में सबसे प्रमुख जरूरतमंद के समक्ष दो वक्त की रोटी की है।  और काम-धंधे के अभाव में नकद राशि भी नहीं है। ऐसे कई गरीब  परिवार दो वक्त की रोटी की चिंता में रहते है।  इस समय को देखते हुए   मार्मिक चेतना सामाजिक संकल्प के साथ यह सेवा कार्य करने के लिये सामने आई है। संस्था द्वारा   प्रतिदिन 100 पैकेट सुबह शाम   स्वच्छ और पौष्टिक भोजन दिया  जा रहा है। लागातार  संस्था  द्वारा जरूरतमंदों को बाँटे जा चुके हैं।मानव सेवा माधव सेवा' के लक्ष्य के साथ मार्मिक चेतना का  ग्रुप शहर में अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर जरूरतमंद लोगों को खाने के पैकेट बांट रहा है। 
संस्था द्वारा भोजन  के अलावा  सड़क पर रह कर अपनी ड्यूटी करने वाले  पुलिस   व नगर निगम के कर्मचारियों को भी पेय पदार्थ दिया जा रहा है इसके अलावा बेजुबान जानवरो को भी भोजन दिया जा रहा है।
कई पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा खाकी वर्दी का रौब छोड़कर लोगों की मदद की जा रही है। इनमें  इंसपेक्टर कलीम खान जी भी शामिल है  कलीम जी द्वारा   समाजसेवी संस्थाओं और जरुरतमंदों के बीच समन्वय का काम किया जा रहा है। 

आज की सेवा में मुख्य रूप से अनुभव शुक्ला, नीरज गेमनानी, रुपाली पांडेय,दिनेश सिंह,नेहा तिवारी शामिल रहे।