मैपिंग से गायब हुआ गांव, धान खरीदी का नहीं पहुंचा मैसेज उपज बेचने के लिए भटक रहे किसान

मैपिंग से गायब हुआ गांव, धान खरीदी का नहीं पहुंचा मैसेज उपज बेचने के लिए भटक रहे किसान

मझौली तहसील के ख़िरबा गांव का मामला : तहसीलदार को आवेदन देने के बावजूद नहीं हुआ समस्या का हल


मझौली

प्रशासन एक तरफ दावा कर रहा है कि खरीदी केंद्रों में किसानों को अपनी उपज बेचने के दौरान कोई भी परेशानी का सामना करना नहीं पड़ेगा, लेकिन मझोली तहसील के एक गांव को मैपिंग से ही गायब कर दिया गया है। ऐसे में किसानों के पास ना तो धान की उपज बेचने के मैसेज आ रहे हैं और न ही उन्हें खरीदी केंद्र का कोई पता है। किसानों ने अपनी समस्या को लेकर मझौली तहसीलदार को एक लिखित आवेदन भी दिया लेकिन किसानों की समस्या जस की तस बनी हुई है।

ख़िरबा गांव के किसान मुकेश सिंह, राघवेंद्र सिंह ने बताया कि उन्होंने धान विक्रय के लिए रजिस्ट्रेशन कराए थे रजिस्ट्रेशन के दौरान धान खरीदी केंद्र का नाम नहीं दिख रहा। हमारा गांव संवेग वेयरहाउस मोहनिया के पास जहां धान ले जाने में सुविधा होगी। लेकिन इसके बावजूद प्रशासन हमारी समस्या पर कोई भी ध्यान नहीं दे रहा है अपनी इन समस्याओं को लेकर किसानों ने मझौली तहसीलदार प्रदीप मिश्रा को एक लिखित आवेदन भी दिया इसके बावजूद किसानों की समस्याएं जस की तस बनी हुई है।
Previous Post Next Post
Wee News