शहडोल। सोशल मीडिया पर दिखाई जाने वाली चमक-दमक और आलीशान जिंदगी की तस्वीरों के पीछे कितना बड़ा धोखा छिपा हो सकता है, इसका सनसनीखेज उदाहरण मध्यप्रदेश के आदिवासी बहुल शहडोल जिले में सामने आया है। यहां इंस्टाग्राम पर खुद को अमीर कारोबारी और बड़ी-बड़ी कोठियों का मालिक बताने वाले एक युवक ने कॉलेज की प्रथम वर्ष की छात्रा को अपने प्रेम जाल में फंसा लिया। महीनों तक चली ऑनलाइन बातचीत के बाद छात्रा उसके झांसे में आ गई और घर छोड़कर उसके साथ चली गई।
मामले का खुलासा तब हुआ जब छात्रा के परिजनों ने उसके अचानक लापता होने की शिकायत जैतपुर थाने में दर्ज कराई। बेटी के गायब होने से परिवार में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की और छात्रा के मोबाइल नंबर, सोशल मीडिया अकाउंट और कॉल डिटेल्स खंगालना शुरू किया।
जांच के दौरान पुलिस को इंस्टाग्राम पर सक्रिय एक संदिग्ध युवक की जानकारी मिली, जो खुद को “करण राजपूत” बताकर छात्रा से लगातार संपर्क में था। सोशल मीडिया प्रोफाइल पर महंगी गाड़ियां, आलीशान बंगले और लग्जरी लाइफस्टाइल की तस्वीरें पोस्ट की गई थीं। इन्हीं तस्वीरों और दावों से प्रभावित होकर छात्रा युवक पर भरोसा कर बैठी थी।
पुलिस की साइबर जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। जिस युवक ने खुद को करोड़ों की संपत्ति का मालिक बताया था, उसकी वास्तविक पहचान ग्वालियर निवासी करण धानुक के रूप में सामने आई। जांच में पता चला कि वह न तो किसी आलीशान कोठी का मालिक है और न ही कोई बड़ा कारोबारी। वह घरों में पुट्टी-पुताई और मजदूरी का काम करता है। सोशल मीडिया पर बनाई गई पूरी पहचान फर्जी थी।
पुलिस को लोकेशन ट्रेसिंग के दौरान जानकारी मिली कि छात्रा आरोपी के साथ मुरैना जिले में मौजूद है। इसके बाद विशेष टीम गठित कर कार्रवाई की गई। पुलिस ने मुरैना पहुंचकर छात्रा को सकुशल बरामद कर लिया और आरोपी को हिरासत में ले लिया।
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी ने इंस्टाग्राम पर नकली नाम और फर्जी तस्वीरों के जरिए खुद को प्रभावशाली और संपन्न व्यक्ति के रूप में प्रस्तुत किया था। धीरे-धीरे उसने छात्रा का विश्वास जीता और प्रेम संबंध का झांसा देकर उसे घर छोड़ने के लिए राजी कर लिया।
इस घटना ने एक बार फिर सोशल मीडिया पर फर्जी पहचान बनाकर लोगों को ठगने और भावनात्मक रूप से शिकार बनाने वाले मामलों की गंभीरता को उजागर कर दिया है। पुलिस ने युवाओं और अभिभावकों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी व्यक्ति की पहचान पर आंख मूंदकर भरोसा न करें और ऑनलाइन मित्रता को लेकर सतर्क रहें।
सोशल मीडिया की दुनिया का कड़वा सच
एक तरफ इंस्टाग्राम पर महंगी कारें, आलीशान बंगले और लग्जरी लाइफस्टाइल की तस्वीरें थीं, दूसरी तरफ हकीकत में मजदूरी कर जीवनयापन करने वाला युवक। फर्जी पहचान के इस जाल ने एक छात्रा को ऐसा भ्रमित किया कि वह अपना घर छोड़कर सैकड़ों किलोमीटर दूर चली गई। समय रहते पुलिस ने कार्रवाई नहीं की होती, तो मामला और गंभीर रूप ले सकता था।
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले के सभी पहलुओं की जांच जारी है।