चेन्नई/ग्रेटर नोएडा। Rinku Singh Father Liver cancer: टीम इंडिया के बल्लेबाज रिंकू सिंह टी20 वर्ल्ड कप 2026 के बीच पारिवारिक कारणों से स्वदेश लौट आए हैं। उनके पिता खानचंद्र सिंह की तबीयत गंभीर बताई जा रही है और वे ग्रेटर नोएडा के एक अस्पताल में लिवर कैंसर के कारण वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं। पिता की हालत बिगड़ने की सूचना मिलने के बाद रिंकू 24 फरवरी को चेन्नई से दिल्ली पहुंचे और सीधे अस्पताल जाकर परिवार के साथ समय बिताया।
रिपोर्ट्स के अनुसार खानचंद्र सिंह लंबे समय से लिवर कैंसर से जूझ रहे हैं और हालात नाजुक होने पर उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया। इसी वजह से रिंकू को टीम कैंप छोड़कर भारत आना पड़ा। हालांकि अब जानकारी मिल रही है कि वे 25 फरवरी को दोबारा चेन्नई लौट सकते हैं और भारत-जिम्बाब्वे सुपर-8 मुकाबले से पहले चयन के लिए उपलब्ध रहेंगे। यह मैच 26 फरवरी को खेला जाना है और टूर्नामेंट के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
पिता की तबीयत बिगड़ने के कारण रिंकू ट्रेनिंग सेशन में शामिल नहीं हो सके थे। शुरुआत में उनके जिम्बाब्वे मैच से बाहर रहने की अटकलें थीं, लेकिन अब उनकी वापसी की संभावना जताई जा रही है। अंतिम फैसला टीम मैनेजमेंट और मेडिकल अपडेट पर निर्भर करेगा।
मौजूदा टूर्नामेंट में रिंकू का प्रदर्शन भी उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा है। उन्होंने पांच पारियों में 24 रन बनाए हैं। उनके स्कोर 6, 1, 11*, 6* और 0 रहे हैं, जबकि स्ट्राइक रेट भी 100 से नीचे रहा। साउथ अफ्रीका के खिलाफ वे बिना खाता खोले आउट हो गए थे। ऐसे में प्लेइंग इलेवन में बदलाव की चर्चा तेज है।
रिंकू की अनुपस्थिति या सीमित भूमिका की स्थिति में संजू सैमसन को मौका दिए जाने की संभावना जताई जा रही है। इससे टीम संयोजन में दाएं-बाएं हाथ के बल्लेबाजों का संतुलन बदला जा सकता है। भारतीय टॉप ऑर्डर में बाएं हाथ के बल्लेबाजों की अधिकता के चलते विरोधी टीमों ने ऑफ-स्पिन रणनीति अपनाई है, जिससे शुरुआती ओवरों में विकेट गिरने की समस्या सामने आई है।
अब बड़ा सवाल यह है कि रिंकू सिंह टीम में कब और किस भूमिका में वापसी करेंगे। फिलहाल क्रिकेट से ज्यादा उनके लिए परिवार की चिंता अहम है, और पूरे देश की नजर उनके पिता के स्वास्थ्य और उनकी संभावित वापसी पर टिकी हुई है।